अन्य

शिमला विश्वविद्यालय में एसएफआई का इतिहास रक्त रंजिश रहा सरकार बैन करें-सारांश

शिमला विश्वविद्यालय में एसएफआई गुंडागर्दी पर निष्पक्ष जांच करें सरकार

 

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने उपायुक्त कार्यालय के बाहर धरना प्रदर्शन कर सरकार सेविश्वविद्यालय में झगड़े को लेकर निष्पक्ष जांच की की मांग

एंकर

कुल्लू जिला मुख्यालय में उपायुक्त कार्यालय के बाहर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के छात्रों ने एसएफआई छात्र संगठन और शिमला पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की इस दौरान अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने सरकार से सफी को बैन करने की मांग की।

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के जिला संयोजक सारांश ने कहा कि जिला कुल्लू उपायुक्त कार्यालय के बाहर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के द्वारा जिला स्तरीय धरना प्रदर्शन का आयोजन किया गया उन्होंने कहा कि 11 मार्च को विश्व विद्यालय शिमला में एसएफआई के कार्यकर्ताओं के द्वारा जो गुंडागर्दी की गई जहां पर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के छात्र संगठन के सदस्यों को तेज धार दार हथियारों से हमला किया गया उन्होंने कहा कि इस घटना के बाद शिमला पुलिस ने एक तरफा कार्रवाई करते हुए अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के 32 कार्यकर्ताओं को अरेस्ट किया क्या उन्होंने कहा कि जिस प्रकार अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं को जेल में बंद किया गया है और उनसे मिलने भी नहीं दिया जा रहा है यह शिमला पुलिस की एक तरफा कार्रवाई के खिलाफ धरना प्रदर्शन किया है उन्होंने कहा कि शिमला विश्वविद्यालय में जिस प्रकार एसएफआई के द्वारा अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं पर हमला किया गया है इसकी निष्पक्ष जांच हो और प्रदेश सरकार इस घटना के निष्पक्ष जांच करें और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!
Trending Now