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रिवर राफ्टिंग सेंटर पिरडी में नेपाल सहित 4 राज्यों के युवा ले रहे व्यास नदी में रिवर राफ्टिंग का प्रशिक्षण

60 साल के हैदराबाद के अनिल सीख रहे रिवर राफ्टिंग प्रशिक्षण गुर

कुल्लू के पिरड़ी में चल रहा है 14 दिवसीय रिवर राफ्टिंग प्रशिक्षण कोर्स
बाहरी राज्यों के युवाओ सहित स्थानीय भी सीख रहे है राफ्टिंग व् आत्म रक्षा के गुर
न्यूज मिशन
कुल्लू
कुल्लू जिला के रिवर राफ्टिंग सेंटर  पिरड़ी में इन दिनों ब्यास नदी में 14 दिवसीय रिवर राफ्टिंग प्रशिक्षण कोर्स चल रहा है जिसमे 35 युवा रिवर राफ्टिंग का प्रशिक्षण ले रहे है। नेपाल सहित  देश के अन्य राज्यों अरूणाचल प्रदेश, हैदराबाद व स्थानीय युवा भी भाग ले रहे है । राफ्टिंग शिविर में  युवाओं को राफ्ट पलटने के उपरांत बचाव की तकनीकी शिक्षा प्रदान की जा रही है । इसके अलावा आपदा एवं  इमरजेंसी के दोरान ख़ुद की एवं पर्यटक की सेफ्टी  के विषय में गहनता से  ब्यास नदी के ठंडे पानी में राफ्टिंग सेंटर प्रभारी गिमनर सिंह  द्वारा प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है ं। प्रशिक्षण का सबसे महत्वपूर्ण भाग राफ्ट पलटने के बाद कैसे बचाव करना व् स्थिति को संभालना रहता है।  पिरड़ी स्थित अटल बिहारी वाजपेयी पर्वतारोहण संस्थान मनाली द्वारा चलाया जा रहा देश का एकमात्र वाईट वाटर ट्रेनिंग संस्थान है जहां पर रिवर राफ्टिंग बारे बारीकियां सिखाई जाती है स कुल्लू व अन्य स्थानों के हज़ारो युवा इस संस्थान से रिवर राफ्टिंग का  प्रशिक्षण ले कर राफ्टिंग को स्वरोजगार के रूप में अपना रहे है वही कुछ सरकारी संस्थानों में भी नौकरी के रहे है ।
राफ्टिंग सेंटर प्रभारी एवं प्रशिक्षक  गिमनर सिंह ने बताया कि अटल बिहारी वाजपेयी पर्वतारोहण संस्थान मनाली द्वारा 14 दिवसीय रिवर राफ्टिंग प्रशिक्षण कोर्स चल रहा है जिसमे 35 युवा रिवर राफ्टिंग का प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे है स इसमें आपदा प्रबंधन, सुरक्षा व् अन्य मानकों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है स यह अंतर्राष्ट्रीय स्तर का कोर्स है जिसे कोइ भी कर सकता है और प्रशिक्षण प्राप्त कर इसे स्वरोजगार के रूप में अपना सकता है स घाटी के युवा राफ्टिंग को अपना कर अपनी आर्थिकी सुदृढ़ कर रहे है।
हैदराबाद से राफ्टिंग के गुर सीखने आए 60 साल के अनिल का कहना है कि उनके प्रदेश में भी नदिया है परन्तु इस तरह की राफ्टिंग वहां नहीं होती है स उनका कहना है कि यहाँ से प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद वे वहां पर राफ्टिंग करवाएंगे और इस खेल को बढ़ावा देने के लिए सरकार से भी मांग करेंगे।
अरूणाचल से आए एक अन्य युवा बालोतारो  का कहना है कि वे यहां पर राफ्टिंग की बारीकियां सीखने आए है और वहां जाकर इसे शुरू करेंगे स उनका कहना है कि इसके अलावा वे कही भी गाइड बनकर राफ्टिंग करा सकते है।

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