कुल्लू में तहसीलदार की मनमानी को लेकर विफरे समाज सेवी राम सिंह
कहा-उच्च न्यायलय के निर्देश का हवाले देकर शहर में लोगों को अवैध अतिक्रमण के नाम पर कर रहे परेशान

न्यूज मिशन
कुल्लू
पूर्व एसपीएमसी के चैयरमैंन एवं समाज सेवी राम सिंह ने कुल्लू में प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए कहाकि कुल्लू के तहसीलदार यादव ने आजकल कुल्लू शहर में नजायज कब्जों लेकर नाप नपाई कर रहे हैं जब लोगों ने उनसे पूछा कि आप बताइए किस चीज की कर रहे हैं उन्होंने कहा कि वह नजायज कब्जों की निशानी कर रहे हैं, हाई कोट उच्च न्यायालय के आर्डर हैं उन्होंने कहा कि अगर आपके पास आर्डर है तो उन्हें बताएं तो उसके उपरांत ही इसकी निशानदेही करें, ऑर्डर देने से उन्होंने इनकार किया। उन्होंने कहा कि जब लोगों ने उनके ध्यान में लाया। उन्होंने कहा कि मेरे पास जानकारी जो उपलब्ध है माननीय उच्च न्यायालय ने ऑर्डर दिए हैं कुल्लू शहर को लेकर नहीं जनरल एक आर्डर है नेशनल हाईवे, रोड स्टीट्स जहां से भी पब्लिक चलती है अगर उसके ऊपर यदि कोई नजायज कब्जा किया है उसको तुरंत जो है हटाया जाए उन्होंने कहा कि इस विषय को लेकर अक्टूबर 2024 प्रमोद सक्सेना ने जो की चीफ सेक्रेटरी है उन्होंने भी कंसर्ट अथॉरिटी को जनरल इंस्ट्रक्शन दी आप 3 महीने में इस प्रकार के जो नेशनल हाईवे रोड पर जो नजायज है उसको तुरंत हटा दे आप कंप्लायंस करें और उसको हटाए और उसकी रिपोर्ट भेजें अन्यथा आप पर कार्रवाई होगी। परंतु आज हमने देखा कि वह तहसीलदार कभी सरवरी तो कभी लोरन ढालपुर तो कभी अखाड़ा बाजार जा रहे हैं और लोगों से उलझ रहे हैं माता से बहनों से बुजुर्गों से युवाओं से उलझ रहे हैं उन्होंने कहां की रामबाग चौधरी के पास पूरे डॉक्यूमेंट है 1930 से लेकर उनके पास कब्जा है जो की सरकार के रेवेन्यू कोर्ट में भी है। उन्होंने कहा कि अगर इनके पास एक नजायज है तो लगभग 121 साल से है उसके लिए भी मजिस्ट्रेट उनको सिविल कोर्ट सीजेएम कोर्ट में जाना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि तहसीलदार ने जो माता बहनों पर बदतमीजी की है उनके लिए भी गए कोर्ट जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि तहसीलदार साहब के पास अगर कुल्लू शहर के लिए नजायज कब्जों के आर्डर है तो तो आप करें निशान देही करे जबकि उनके पास नेशनल हाईवे के लिए है आप इस पर ही कार्यवाही करें अगर यें कुल्लू शहर को बर्बाद करना ही है तो 30 साल से ऊपर के सारे कब्जे हैं आप उनके लिए न्यायलय जाए वहां ऑडर लांए और फिर करें हमें मान्य न्यायालय का जो भी आदेश होगा हम उसे पूरा करेंग।े इस प्रकार के मनमानी तहसीलदार कर रहे है बो वर्दाशत नहीं करेगें।



