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यूथ फेस्टिवल में वन एक्ट प्ले प्रतियोगिता में छात्र कलाकार कर रहे दमदार अभिनय

अटल सदन के मंच पर छात्र कलाकारो अपने अपने से दर्शकों को कर रहे मंत्र मुग्ध

नाटक के मंचन से समाज की कुरीतियों पर कर रहे चोट
अटल सदन के मंच पर छा कलाकारो अपने अपने से दर्शकों को कर रहे मंत्र मुग्ध
स्कूल कॉलेज में थिएटर , ड्रामा के लिए प्रोफेशनल प्राध्यापक की नियुक्ति करना जरूरी
न्यूज मिशन
कुल्लू
कुल्लू जिला के अटल सदन में एचपी विश्वविद्यालय के द्वारा यूथ फेस्टिवल ग्रुप 4 में प्रदेश भर के कॉलेज के छात्र कलाकार  नाटक प्रतियोगिता में अपने दमदार अभिनय से अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर रहे हैं। यूथ फेस्टिवल में 32 कॉलेज के 600 से अधिक छात्र कलाकार अपने खूबसूरत दमदार अपने से दर्शकों को मंत्र मुक्त कर रहे हैं। नाटक के निर्देशकों की माने तो हिमाचल प्रदेश में थिएटर रंगमंच और ड्रामा को लेकर सरकार की तरफ से कोई खास इन्फ्रास्ट्रक्चर डिवेलप नहीं किया गया है यही कारण है कि जिस प्रकार पंजाब हरियाणा दिल्ली मुंबई उत्तर प्रदेश में थिएटर रंगमंच और ड्रामा के लिए विभिन्न तरह की मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध है इसके विपरीत हिमाचल प्रदेश के स्कूल महाविद्यालय में थिएटर और रंगमंच के लिए प्रोफेशनल प्राध्यापक के न होने से कई महाविद्यालय के छात्र यूथ फेस्टिवल में भाग नहीं ले रहे हैं ऐसे में निर्देशक कौन है सरकार से मांग की है कि भविष्य में थिएटर रंगमंच और ड्रामा युवाओं के भविष्य को संभालने और आगे बढ़ाने के लिए स्कूल और महाविद्यालय में भी थिएटर रंग मैच और ड्रामा के प्रोफेशनल प्राध्यापकों की नियुक्ति की जाए ताकि भविष्य में दूसरे राज्यों की तरह हिमाचल प्रदेश में भी थिएटर रंगमंच और ड्रामा में भविष्य संभालने वाले युवाओं को इंफ्रास्ट्रक्चर और मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध हो ताकि हिमाचल प्रदेश से भी छोटे पर्दे बड़े परदे और वेब सीरीज में काम करने वाले युवाओं को निखारने के लिए सरकार को प्रयास करने चाहिए
कुल्लू महाविद्यालय के प्रिंसिपल डॉक्टर मनदीप शर्मा ने कहा कि इस चार दिवसीय यूथ फेस्टिवल ग्रुप 4 में 32 कॉलेज के 600 से अधिक छात्र कलाकार भाग ले रहे हैं उन्होंने कहा कि वन एक्ट प्ले में 23 कॉलेज नाटक के लिए 26 कॉलेज मन के लिए 25 कॉलेज और मिमिक्री के लिए 14 कॉलेज के छात्र कलाकार भाग ले रहे हैं उन्होंने कहा कि इस यूथ फेस्टिवल में 600 से अधिक छात्र कलाकार भाग ले रहे हैं जिनके रहने खाने पीने की उचित व्यवस्था की गई है।
सेवानिवृत्ति उच्च शिक्षा जॉइंट डायरेक्टर दो नंदलाल शर्मा ने कहा कि कुल्लू महाविद्यालय में एचपी विश्वविद्यालय यूथ फेस्टिवल ग्रुप 4 का आयोजन किया जा रहा है उन्होंने कहा कि महाविद्यालय कल्लू के लिए यह गौरव का विषय है। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय और विश्वविद्यालय से ही एक छात्र के भविष्य की नींव पड़ती है उन्होंने कहा कि थिएटर के माध्यम से छात्र कलाकार अपने प्रतिभा का प्रदर्शन इस युद्ध फेस्टिवल में कर रहे हैं उन्होंने कहा कि थिएटर में अभिनय कट के ही पूरा दृश्य दिखाया जाता है उन्होंने कहा कि फिल्मों में तो कई बार रीटेक कर कहानी को पर्दे पर दर्शाया जाता है लेकिन थिएटर कलाकार किरदार की भूमिका वन टेक में ही निभाते हैं उन्होंने कहा कि थिएटर ड्रामा के लिए महाविद्यालय में भी प्रोफेशनल प्राध्यापक कितना थी होनी चाहिए जो छात्रों के हुनर को तरह से और छात्रों के भविष्य संभालने के लिए थिएटर ड्रामा के प्रोफेसर की नियुक्ति होना जरूरी है उन्होंने कहा कि जिस प्रकार आज के स्तर में छोटे पर्दे पर और बड़े पर्दे पर युवाओं की रुचि एक्टिंग में बढ़ रही है और डिमांड भी बढ़ रही है उससे जरुरी है कि भविष्य में स्कूल और महाविद्यालय में ड्रामा थिएटर के पर अध्यापकों की नियुक्ति की जाए ताकि इस फील्ड में आगे भविष्य संभालने के लिए छात्रों को एक प्रोफेशनल तरीके से आगे बढ़ने का
 थिएटर डायरेक्टर  इंद्र राज ने कहा कि थिएटर रंगमंच और रंगमंच की तरफ युवाओं रुचि बढ़ रही है उन्होंने कहा कि थिएटर के अंदर अब क्रिएटिविटी हो रही है जिससे पुराने समय से अब थिएटर मैं मामूली चीजों के साथ ही कार्य होता था उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के महाविद्यालय में पढ़ने वाले छात्र थिएटर रंग मैच की तरफ आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार अन्य राज्यों में थिएटर को आगे बढ़ाने के लिए लाखों रुपए सेट्स पर खर्च किए जा रहे हैं उसके मुताबिक हिमाचल प्रदेश में इस तरफ सरकार का कोई ज्यादा ध्यान नहीं है उन्होंने कहा कि उन्होंने कहा कि अन्य राज्यों की तर्ज पर हिमाचल प्रदेश में भी सरकार थिएटर रंगमंच ड्रामा को आगे बढ़ाने के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर और स्कूल कॉलेज में प्रोफेशनल पर अध्यापकों की नियुक्ति करें ताकि युवाओं को भविष्य में थिएटर रंगमंच और ड्रामा के साथ जोड़कर अपने भविष्य को संभालने और आगे बढ़ाने के लिए सहयोग करें उन्होंने कहा कि थिएटर रंगमंच ड्रामा से न केवल छात्रों में आगे बढ़ाने की प्रेरणा मिलती है उनके कॉन्फिडेंस लेवल में भी बढ़ोतरी होती है और जिस अपने जीवन में किसी भी फील्ड में आगे बढ़ाने के लिए कॉन्फिडेंस बिल्ड होता है उन्होंने कहा कि सरकार इस तरफ ध्यान देगी तो आने वाले समय में हिमाचल प्रदेश फिल्म वेब सीरीज छोटे पर्दे में युवाओं को अपने अभिनय करने का मौका मिलेगा उन्होंने कहा कि जरूरी है कि एक्टिंग करने के लिए थिएटर रंगमंच को ज्वाइन करना ही पड़ेगा उन्होंने कहा कि बिना थिएटर के कोई भी एक्टर थिएटर रंगमंच ड्रामा नहीं कर सकता है इसलिए इस दिशा में सरकार को अभी के सहयोग से इसको आगे बढ़ाने के लिए कार्य करना चाहिए।
 बिलासपुर के छात्र कलाकार विवेक ठाकुर ने कहा कि नाटक के माध्यम से समाज को हमने यह संदेश दिया है कि आपके बारे में लोग क्या कहेंगे और किसको क्या प्रभाव है उन्होंने कहा समाज की परवाह को ध्यान में रखते हुए अपना हम अपनी नकली जिंदगी जीते हैं दिखावे की जिंदगी जीते हैं उन्होंने कहा कि अगर हम गरीब है तो हम अपनी गरीबी को एक्सेप्ट नहीं करना चाहते हैं और उसमें सुधार भी नहीं करते हैं इसलिए अगर कोई व्यक्ति अपनी जिंदगी में अपने आप में खुश रहता है तो अपने आप में खुश रहने लगता तो समाज कहता है कि वह पागल हो गया और फिर तंत्र-मंत्र टोना टपका करने लगते हैं उन्होंने कहा कि आप यह लगता है कि अब यह साधारण चीज नहीं है। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय में दूर दराज के क्षेत्र से छात्र पढ़ाई के लिए आते हैं और उन्हें थिएटर की दुनिया का कुछ भी पता नहीं होता है उन्होंने कहा कि यूथ फेस्टिवल का मंच छात्र कलाकारों की प्रतिभा को निखारने का एक अच्छा मंच मिलता है उन्होंने कहा कि मैं भी एक गांव देहात से पढ़ाई करने के लिए महाविद्यालय में आया हूं और यूथ फेस्टिवल के मंच में अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिला है उन्होंने कहा कि बड़े-बड़े कलाकार भी थिएटर से ही निकालकर आज दुनिया में अपना मुकाम हासिल कर रहे हैं। ताकि हिमाचल प्रदेश में भी प्रतिभा की कमी नहीं है ऐसे में यूथ फेस्टिवल में प्रतियोगिता में तब कंपटीशन है और सभी लोग कड़ी मेहनत कर यहां पर परफॉर्मेंस कर रहे हैं।
– बिलासपुर महाविद्यालय की छात्र कलाकार देवांशी ने कहा कि नाटक में मैं भगवान की पत्नी पूनम का रोल निभाया है उन्होंने कहा कि पिछले तीन महीने से इस नाटक की रिहर्सल की है और इस नाटक में यह दर्शाया गया है कि अगर कोई व्यक्ति अपनी खुशी से कार्य करना चाहे और लोग उसकी खुशी नहीं देखना चाहते हैं और लोग उसको पागल मानते हैं उन्होंने कहा कि इस नाटक में भगवान करोल में भाषा की कोई बंदी से नहीं थी और वह चिड़िया से भी बात करता था और एक गंज से भी बात करता था और जब हम सोच रहे थे कि वह ऐसी बातें कर रहा है और उससे लग रहा था कि वह पागल हो गया है। मैंने कहा कि इस नाटक के माध्यम से हमने यह दर्शाया है कि व्यक्ति जब अपने परिवार बारे में सोचता है तो इसलिए भगवान अपने आप ठीक हुआ है।
 राजकीय कन्या महाविद्यालय शिमला छात्र सुनिधि ने कहा कि यूथ फेस्टिवल में हमने एक मासूम का सपना नाटक का मंचन किया इस नाटक के माध्यम से प्रकृति में हो रहे बदलाव के चलते क्या-क्या समस्याएं उत्पन्न हो रही है और अपने फायदे के लिए इंसान प्रकृति का दोहन किस प्रकार कर रहा है और इस नाटक के माध्यम से दिखाया गया है कि एक बच्ची जिसका बाढ़ में सब कुछ चल गया और जब वह आत्महत्या करती है उसके बाद आदर्श लोक में जब जाती है तो उसे वक्त आदर्श लोक में भी जब झूठा आता तो उसके बाद किस तरह से वहां पर भी परिवर्तन हो रहा है उन्होंने कहा कि इंसान अपने फायदे के लिए प्रकृति का किस प्रकार नुकसान कर रहा है और प्रकृति में जिस प्रकार पतन हो रहा है उसको दर्शाने का प्रयास किया गया है ताकि लोग पर्यावरण के प्रति अपनी जिम्मेदारियां को समझे।।

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