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प्रदेश सरकार महिला सशक्तिकरण के लिए कर रही प्रोत्याहन-इंद्रा ठाकुर
कहा-आनी की महिलाओं ने जीती रस्सा कस्सी प्रतियोगिता की ट्रॉफी
रस्साकस्सी प्रतियो्गिता में ़16 टीमों ने दिखाया दम
एंकर
अंतर्राष्ट्रीय कुल्लू दशहरा में ग्रामीण ग्रामीण खेल उत्सव में महिलाओं के लिए रसाकस्सी की प्रतियोगिता आयोजित करवाई गई। जिसमें कुल्लू जिला में लगभग 16 टीमों ने भाग लिया। प्रतियोगिता का फाइनल मैच आनी और कल्लू की खारका टीम के मध्य खेला गया। जिसमें आनी ने दो एक से मात देकर ट्रॉफी को अपने नाम किया। इस अवसर पर एसपी साक्षी बर्मा ने इस खेल कूद प्रतियोगीता शुभारंभ किया तो बहीं समापन अवसर पर समाजसेवी इंद्रा ठाकुर ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। तो वही विजेता टीमों को भी अपने कर कमलों के द्वारा सम्मानित किया।
एंकर
अंतर्राष्ट्रीय कुल्लू दशहरा में ग्रामीण ग्रामीण खेल उत्सव में महिलाओं के लिए रसाकस्सी की प्रतियोगिता आयोजित करवाई गई। जिसमें कुल्लू जिला में लगभग 16 टीमों ने भाग लिया। प्रतियोगिता का फाइनल मैच आनी और कल्लू की खारका टीम के मध्य खेला गया। जिसमें आनी ने दो एक से मात देकर ट्रॉफी को अपने नाम किया। इस अवसर पर एसपी साक्षी बर्मा ने इस खेल कूद प्रतियोगीता शुभारंभ किया तो बहीं समापन अवसर पर समाजसेवी इंद्रा ठाकुर ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। तो वही विजेता टीमों को भी अपने कर कमलों के द्वारा सम्मानित किया।
एसपी साक्षी वर्मा ने बताया कि जिला परिषद इस वर्ष से इवेंट्स आयोजित करवा रहे हैं और अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा में खेले हो रही इन खेलों को नाम ग्रामीण खेल उत्सव का नाम भी दिया गया है। कुल्लू जिला के टीम में इस उत्सव में अपना दम खम दिख रहे हैं। ऐसे में खेले प्रतियोगिता बहुत अच्छे तरीके से आयोजित करवाई जा रही है।
रसाकसी के विजेता टीम के कप्तान सोनू ने बताया कि जिला परिषद अध्यक्ष ने आनी की टीम को खेलने का मौका दिया और पहली बार अंतर्राष्ट्रीय कुल्लू दशहरा में अपनी में भाग लिया जिसमें पहला स्थान भी हासिल किया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की प्रतियोगिता महिलाओं के लिए आयोजित होनी चाहिए। जिसमें महिलाएं भाग ले और एंजॉय करें और अपनी ताकत भी दिखाएं उन्होंने कहा कि वे मेला कमेटी का अभार प्रकट करना चाहते हैं कि उन्होंने दूरदराज क्षेत्र की टीमों को भी इस तरह रसाकसी प्रतियोगिता में भाग लेने का अवसर दिया।
समाज सेवी इंद्र ठाकुर ने बताया कि जिस प्रकार से ग्रामीण खेल उत्सव का जिमा इस बार जिला परिषद को दिया गया है और इस खेल को प्रतियोगिता को सफल बनाने के लिए अपने टीम के साथ सहयोग के साथ कार्य किया है। वह काबिले तारीफ है। इस रस्साकसी प्रतियोगिता में 16 टीमों ने भाग लिया। जिससे कि महिलाएं भी सशक्त हुई है जब से महिला मंडलों का गठन हुआ है महिलाएं जागृत हुई है। रसाकसी प्रतियोगिता में आनी की टीम ने पहले और खारका की टीम ने दूसरा स्थान हासिल किया। उन्होंने कहा कि अगले साल भी यह महिलाएं प्रतियोगिता में बढ़-कर कर भाग लगी और इसी प्रकार से और बेहतर तरीके से ग्रामीण खेल उत्सव को मनाया जाए। उन्होंने कहा कि एक समय था जब महिलाएं चारदीवारी के अंदर ही रहती थी। उन्होंने कहा कि स्वर्गीय इंदिरा गांधी के प्रयासों से महिलाओं को चार दिवारी से बाहर निकला गया और महिलाएं अपनी हर क्षेत्र में अहम भूमिका निभा रहे हैं महिलाओं की सहभागिता समाज में सबसे अधिक रहती है। उन्होंने कहा कि आज महिलाएं हर क्षेत्र में आगे है और सभी विभागों में महिलाएं अपनी अहम भूमिका अदा कर रही है।
रसाकसी के विजेता टीम के कप्तान सोनू ने बताया कि जिला परिषद अध्यक्ष ने आनी की टीम को खेलने का मौका दिया और पहली बार अंतर्राष्ट्रीय कुल्लू दशहरा में अपनी में भाग लिया जिसमें पहला स्थान भी हासिल किया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की प्रतियोगिता महिलाओं के लिए आयोजित होनी चाहिए। जिसमें महिलाएं भाग ले और एंजॉय करें और अपनी ताकत भी दिखाएं उन्होंने कहा कि वे मेला कमेटी का अभार प्रकट करना चाहते हैं कि उन्होंने दूरदराज क्षेत्र की टीमों को भी इस तरह रसाकसी प्रतियोगिता में भाग लेने का अवसर दिया।
समाज सेवी इंद्र ठाकुर ने बताया कि जिस प्रकार से ग्रामीण खेल उत्सव का जिमा इस बार जिला परिषद को दिया गया है और इस खेल को प्रतियोगिता को सफल बनाने के लिए अपने टीम के साथ सहयोग के साथ कार्य किया है। वह काबिले तारीफ है। इस रस्साकसी प्रतियोगिता में 16 टीमों ने भाग लिया। जिससे कि महिलाएं भी सशक्त हुई है जब से महिला मंडलों का गठन हुआ है महिलाएं जागृत हुई है। रसाकसी प्रतियोगिता में आनी की टीम ने पहले और खारका की टीम ने दूसरा स्थान हासिल किया। उन्होंने कहा कि अगले साल भी यह महिलाएं प्रतियोगिता में बढ़-कर कर भाग लगी और इसी प्रकार से और बेहतर तरीके से ग्रामीण खेल उत्सव को मनाया जाए। उन्होंने कहा कि एक समय था जब महिलाएं चारदीवारी के अंदर ही रहती थी। उन्होंने कहा कि स्वर्गीय इंदिरा गांधी के प्रयासों से महिलाओं को चार दिवारी से बाहर निकला गया और महिलाएं अपनी हर क्षेत्र में अहम भूमिका निभा रहे हैं महिलाओं की सहभागिता समाज में सबसे अधिक रहती है। उन्होंने कहा कि आज महिलाएं हर क्षेत्र में आगे है और सभी विभागों में महिलाएं अपनी अहम भूमिका अदा कर रही है।



