कुल्लू जिला में बादल फटने और बाढ़ से 45 करोड 22 लाख रुपए की सरकारी और 23 करोड रुपए की निजी संपत्ति को हुआ नुकसान -तोरुल एस रवीश
कहा- 48 घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त 30 घर को आशिक रूप से पहुंचा नुकसान

कुल्लू जिला में प्रशासन ने बाढ़ प्रभावित परिवारों को 13 लाख रुपए की फौरी राहत की वितरित
विश्व प्रसिद्ध प्राचीन लोकतंत्र गांव मलाणा को पैदल चलने वाला रास्ते और तार स्पेल झूला लगाकर कनेक्टिविटी बहाल करने के लिए किया जा रहा प्रयास
न्यूज मिशन
कुल्लू
हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिला में बादल फटने और बाढ़ से अभी तक 45 करोड 22 लाख रूपये की सरकारी और 23 करोड रुपए की निजी संपत्ति को नुकसान हुआ है कुल्लू जिला में बादल फटने और बाढ़ भूस्खलन से 48 घर और 3 स्कूल भवन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हुए हैं जबकि 30 घरों और 3 स्कूलों को आंशिक रूप से नुकसान हुआ है वही निर्माण उपमंडल के तहत समेज और बागीपुर गांव से लापता 12 लोगों में से 2 लोगों के शव बरामद हुए हैं जबकि 10 लोग भी बाढ़ के मलबे में लापता है जिनको ढूंढने के लिए एनडीआरएफ एसडीआरएफ,सीआईएसएफ आर्मी के जवान और होमगार्ड के साथ-साथ पुलिस कुर्मी लगातार सर्च ऑपरेशन कर रहे हैं।
उपायुक्त कुल्लू तोरुल एस रवीश ने कहा कि कुल्लू जिला में बादल फटने और बाढ़ आने से अभी तक 68 करोड रुपए का नुकसान हुआ है उनका की जिसमें 45 करोड 22 लाख रुपए सरकारी संपत्ति और 23 करोड रुपए निजी संपत्ति को नुकसान हुआ है उन्होंने कहा कि बादल फटने और बाढ़ से जिला में 48 मकान और 3 स्कूल भवन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हुए हैं जबकि 30 मकान और 3 स्कूलों को आंशिक रूप से नुकसान हुआ है उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सड़क बिजली पानी की योजनाओं को दुरुस्त किया जा रहा है उन्होंने कहा कि बगीपुल में वैली ब्रिज को कल तक कार्य पूरा कर यातायात बहाल किया जाएगा।जिससे बागीपुल से जाओं तक कनेक्टिविटी बहाल होगी।बागीपुर ,समेज,केदस,कोयल के क्षेत्रों में बिजली और पेयजल की सुविधाएं बहाल की है।उन्होंने कहाकि बाढ़ प्रभावित परिवारों को 13 लाख रूपये की फौरी राहत वितरित की है।उन्होंने कहाकि मलाणा के लिए 12 किलोमीटर बिजली की सप्लाई में 200 बिजली के पोल श्रतिग्रस्त हुए है और जिससे मलाणा के बिजली लाईन को दरूस्त करने में समय लगेगा। उन्होंने कहा कि मलाणा के लिए पैदल यातायात के लिए कनेक्टिविटी बहाल की जा रही है जिसके लिए जगह-जगह पर झूला पुल लगाने का कार्य चल रहा है जिससे आने वाले कुछ दिनों के भीतर मलाणा के लोगों को आने-जाने और राशन सामग्री पहुंचने के लिए व्यवस्था की जाएगी उन्होंने कहा कि इसके अलावा मलाणा में एक अस्थाई हेलीपैड का भी निर्माण ग्रामीणों के द्वारा किया जा रहा है जिससे भविष्य में इमरजेंसी में लोगों को सुविधा मिल सके इसके लिए भी प्रयास जारी है उन्होंने कहा कि फिलहाल मलाणा में अभी तक हेलीकॉप्टर और चौपर की लैंडिंग नहीं हुई है जिससे भविष्य में इन संभावनाओं कार्य किया जा रहा है।



