ड्रेजिंग के बाद मलबा हटाने के लिए मिनिस्ट्री ऑफ़ एनवायरनमेंट भारत सरकार से किया पत्राचार-तोरुल एस रवीश
कहा-व्यास नदी में पानी बढ़ने से रिमूवल का कार्य करना मुश्किल

व्यास और पार्वती नदी के संगम स्थल पर आपदा के बाद हुआ प्रोटेक्शन वॉल का निर्माण खतरा बरकरार
व्यास और पार्वती नदी के बीच भारी मलबे से नुकसान होने का बना खतरा
न्यूज मिशन
कुल्लू
कुल्लू जिला में बीते वर्ष बाढ़ के चलते सबसे ज्यादा नुकसान व्यास नदी ने व्यास और पार्वती नदी के संगम स्थल भुंतर में बड़ा भूमि पंचायत में दर्जनों मकानोंहोटलों और पेट्रोल पंप को फोन आया था जिसमें हजारों करोड रुपए की संपत्ति बाढ़ की भेंट चढ़ गई थी ऐसे में जिला प्रशासन की तरफ से इस बड़ा भूमि पंचायत के संवेदनशील एरिया में बाढ़ से बचाव के लिए प्रोटेक्शन बाल लगाई है लेकिन विकास और पार्वती नदी के बीच पड़े भारी मलबे के कारण बड़ा भूमि पंचायत के रियासी क्षेत्र को इस बार भी बाढ़ से नुकसान होने का खतरा बना हुआ है ऐसे में स्थानीय लोगों की माने तो जो प्रोटेक्शन बाल लगाई गई है उसको भी तीन-चार फीट और ऊंचा करना चाहिए था जिससे की बाढ़ का पानी रिहायशी कॉलोनी में ना घुसे और रिहायशी इलाकों में नुक्सान न सके।
उपायुक्त कुल्लू तोरुल एस रवीश ने कहा कि पिछली बार बरसात के बाद व्यास नदी में भारी मालवा आ गया था जिसके चलते टेक्निकल कमेटी ने संवेदनशील जगह चिन्हित की गई थी और डिजास्टर एक्ट के तहत रिवर को ड्रेसिंग और रिवर चैनेलाइजेशन का कार्य कुल्लू मनाली बंजार उपमंडल में 19 जगह पर संबंधित एसडीएम के द्वारा कार्य करने के निर्देश दिए गए थे उन्होंने कहा कि इन सभी साइटों पर ड्रेजिंग का कार्य पूरा किया गया है। जहां तक मैक रिमूवल की बात है उन्होंने कहा कि उसके लिए फॉरेस्ट कंजर्वेशन एक्ट के परफ्यूम में आता है उन्होंने कहा कि इसको लेकर भारत सरकार मिनिस्ट्री आफ एनवायरमेंट हटाने के लिए पत्राचार किया गया है उन्होंने कहा कि मिनिस्ट्री ऑफ़ एनवायरनमेंट के द्वारा यह कहा गया था कि अगर इसको हटाने के लिए थ्रू माइनिंग विभाग से कार्य करना है तो उसके प्रपोज द्वारा सबमिट करें उन्होंने कहा कि नदियां फॉरेस्ट डिपार्मेंट इसमें काम करेगा उन्होंने कहा कि वन विभाग के द्वारा इसको लेकर आगामी प्रपोजल तैयार की गई है उन्होंने कहा कि ऐसे में अब बरसात का समय आ गया है और नदी के बीच को हटाना फिलहाल मुश्किल है उन्होंने कहा कि ऐसे में मुख्य संसदीय सचिव के द्वारा जब यहां पर दौरा किया गया था तो उन्होंने यह साफ निर्देश दिए गए थे कि अब इस संबंध में पानी पड़ने की वजह से इस कार्य को रोक दिया गया है उन्होंने कहा कि नदी में पानी के लिए चैनेलाइजेशन का काम किया गया है।
वीओ- भुंतर बड़ा भूईन पंचायत की स्थानीय निवासी उषा देवी ने कहां की बाद भूल पंचायत में व्यास नदी के किनारे आपदा के बाद प्रोटक्शन वॉल लगाई गई और व्यास नदी के बीच जो मलबे का देर है उसको नहीं हटाया गया उन्होंने कहा कि प्रोटेक्शन बाल की ऊंचाई तीन-चार फीट और ऊंची होनी चाहिए थी जिससे की बरसात में बाढ़ का मालवा और पानी रिहायशी कालोनी में न पहुंचे उन्होंने कहा कि व्यास नदी में भारी मालवा जो पड़ा हुआ है उसके चलते इस बार भी बरसात के चलते नुकसान होने का खतरा बना हुआ है। उन्होंने कहा कि बाद भूल पंचायत में दर्जन लोगों के बड़े-बड़े तीन चार चार मंजिले मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं ऐसे में लोगों का भारी नुकसान हुआ है उन्होंने कहा कि अब आने वाली बरसात में और नुकसान ना हो इसके लिए प्रोटेक्शन बाल की ऊंचाई तीन-चार फीट और ऊंची करनी चाहिए थी ताकि लोगों को बाढ़ से बचाव हो सके।
स्थानीय निवासी बड़ा भुईन युव राज निकाह के बड़ा भूल पंचायत में आपदा के बाद व्यास नदी के किनारे प्रोटेक्शन बाल लगाई गई उन्होंने कहा कि लोक निर्माण विभाग के ठेकेदारों ने आरसीसी की पक्की प्रोटेक्शन बाल लगा दी है। उन्होंने कहा कि व्यास नदी और पार्वती नदी के बीच जो मालवा पड़ा हुआ है उसको भी हटाना चाहिए था ।जिससे बरसात में और नुकसान इस क्षेत्र में ना हो सके।।
स्थानीय बाढ़ पीड़ित बड़ा भुईन पंचायत देवेंद्र ठाकुर ने पिछली बरसात में बाढ़ के कारण उनके तीन मंजिला मकान क्षतिग्रस्त हुआ था उन्होंने कहा कि इस बड़ा भुईन् पंचायत में दर्जनों लोगों का नुकसान हुआ था । उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में प्रोटेक्शन बॉल लगाई गई है और सड़क भी पक्की की गई है लेकिन विकास और पार्वती नदी के बीच जो भारी मालवा पड़ा हुआ है उसके चलते बरसात में बाढ़ के कारण इस क्षेत्र को नुकसान होने का खतरा बना हुआ है उन्होंने कहा कि ऐसे में इस मलबे को हटाना चाहिए था ताकि बाढ़ में बाढ़ का पानी रिहायची कॉलोनी की तरफ ना आए और उससे कोई नुकसान ना हो।



